पर्यावरण मंडल द्वारा एसईसीएल को क्लीन चिट देने से बिफरे महापौर रेड्डी ने दिया सामाजिक अंकेक्षण की चुनौती


2017 में महापौर रेड्डी ने चिरमिरी ओपनकास्ट में लगी आग से हो रहे पर्यावरण की क्षति व आवासीय कालोनियों में साफ – सफाई में एसईसीएल द्वारा की जा रही अनियमितता की शिकायत की थी छत्तीसगढ़ पर्यावरण मंडल से

चिरमिरी । चिरमिरी ओपनकास्ट परियोजना में लगी आग से पर्यावरण को हो रही क्षति एवं एसईसीएल चिरमिरी द्वारा अपने आवासीय कालोनियों में साफ – सफाई में बरती जा रही अनियमितता की शिकायत पर छत्तीसगढ़ पर्यावरण मंडल के क्षेत्रीय कार्यालय अम्बिकापुर के अधिकारियों द्वारा एसईसीएल को क्लीन चिट दिए जाने पर कड़ी आपत्ति जताते हुए चिरमिरी के महापौर के. डोमरु रेड्डी ने छत्तीसगढ़ पर्यावरण मंडल के सचिव को पत्र लिखकर पूरे मामले का सामाजिक अंकेक्षण कराने की चुनौती देते हुए दोषी सभी अधिकारियों को दंडित करने की मांग की है।






छत्तीसगढ़ पर्यावरण मंडल के सचिव को लिखे अपने पत्र में महापौर के. डोमरु रेड्डी ने कहा है कि उनके द्वारा उपरोक्त संदर्भ में 22 अप्रैल 2017 को की गई शिकायत पर छत्तीसगढ़ पर्यावरण मंडल के क्षेत्रीय कार्यालय अम्बिकापुर से 02 मई 2017 को अधिकारी चिरमिरी आये और शिकायतकर्ता के रूप में स्वयं उनके व एसईसीएल के अधिकारी एस. पी. त्रिपाठी व विवेक कुमार के साथ चिरमिरी ओपनकास्ट परियोजना और एसईसीएल की कई आवासीय कालोनियों का निरीक्षण किया और दोनों मामलो में 13 बिंदुओं पर गम्भीर कमी पायी। जिसके आधार पर अम्बिकापुर क्षेत्रीय कार्यालय से एसईसीएल महाप्रबंधक को नोटिस देकर जवाब देने को कहा था। लेकिन बाद में रायपुर भेजे गए जांच प्रतिवेदन में छत्तीसगढ़ पर्यावरण मंडल, रायपुर के अधिकारियों ने एसईसीएल को क्लीन चिट दे दिया जो समझ से परे है।
श्री रेड्डी ने पर्यावरण मंडल के अधिकारियों पर एसईसीएल से मिलीभगत करने का आरोप लगाते हुए कहा है कि इन अधिकारियों ने एसईसीएल के अधिकारियों को बचाने के लिए यह जांच रिपोर्ट तैयार की है। श्री रेड्डी ने दावा किया कि एसईसीएल ने जांच रिपोर्ट में दर्शाए अनुसार कोई काम नही किया है। महापौर के. डोमरु रेड्डी ने छत्तीसगढ़ पर्यावरण मंडल के सचिव से पूरे मामले का सामाजिक अंकेक्षण कराने की चुनौती देते हुए सही जॉंच कराकर दोषी सभी अधिकारियों को दंडित करने की मांग की है।



